22 मई 2013

न्यूजलैटर सब्सक्राइब करें

CLOSE

Sign Up

पीएम बोले, सोशल मीडिया पर शिकंजा कसना जरूरी!

08 सितम्बर 2012
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस/आईबीएन-7

facebook पर hindi.in.com पेज को LIKE किया क्या?

नई दिल्ली।
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने देश के प्रमुख प्रतिष्ठानों पर हाल में हुए साइबर हमलों के मद्देनजर शनिवार को आगाह किया कि देश में साइबर अपराध के खतरे बढ़ रहे हैं।

सरकार की चेतावनी, अफवाह फैलानेवाली साइटों की खैर नहीं!

मनमोहन सिंह ने राज्यों के पुलिस महानिदेशकों और महानिरीक्षकों तथा केंद्रीय अर्ध सैनिक बलों के महानिदेशकों व महानिरीक्षकों के तीन दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए कहा, "हमारे देश में साइबर अपराध के खतरे बढ़ रहे हैं, क्योंकि हमारी अर्थव्यवस्था और महत्वपूर्ण अधोसंरचना कम्प्यूटर नेटवर्क और इंटरनेट पर अत्यधिक निर्भर हो गई है।"

मनमोहन ने पुलिस प्रमुखों को चेताया, "हमारी महत्वपूर्ण अधोसंरचना और अर्थव्यवस्था पर बड़े पैमाने के कम्प्यूटर हमलों के विनाशकारी परिणाम हो सकते हैं।" इस अवसर पर राज्य मंत्री वी. नारायणसामी, मुल्लापल्ली रामचंद्रन और जितेंद्र सिंह मौजूद थे।

सोशल मीडिया का न हो दुरुपयोग, सरकार ने कसी कमर

प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार एक मजबूत साइबर सुरक्षा ढांचे पर काम कर रही है, जो खतरा प्रबंधन व शमन, आश्वासन व प्रमाणन, क्षमता निर्माण व अनुसंधान के मुद्दे से निपटेगा।

प्रधानमंत्री ने कहा, "इसके लिए हमें सरकार, शैक्षिक समुदाय और निजी क्षेत्र के साथ साझेदारी बनाने की जरूरत है।"

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया एक नई चुनौती बनकर उभरा है। हमें इसका सामना करने की जरूरत है। पुलिस बलों को आने वाले समय में सोशल मीडिया पर निगरानी रखने के लिए रणनीति बनाने की जरूरत है। पीएम ने कहा कि सरकार साइबर सुरक्षा के खतरों से निपटने के लिए एक साइबर सुरक्षा नेटवर्क तैयार कर रही है। प्रधानमंत्री ने ये बातें इंटरनल सिक्योरिटी कॉन्फ्रेंस में कही।

आतंकवाद पर बोलते हुए पीएम ने कहा कि हमलों के लिए आतंकी समुद्री मार्ग का इस्तेमाल कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि आतंकवाद से निपटने के लिए समय पूर्व से कदम उठाने होंगे। आतंकी मुंबई, दिल्ली, पुणे में हमले करने में कामयाब रहे हैं।

देश में बार-बार पैदा होने वाले सांप्रदायिक तनाव पर पीएम ने कहा कि हमारी पुलिस को समुदायों के बीच भावनाओं को समझने के लिए प्रशिक्षित करने की जरूरत है। साथ ही वो उन लोगों को पकड़े जो मुसीबत बढ़ाते हैं। इससे पहले कि ऐसे लोग समाज में कोई तनाव बढ़ाएं। उन्होंने कहा कि एक सक्रिय और प्रभावकारी बीट कांस्टेबल दो समुदाय के बीच तनाव को बढ़ने से रोक सकता है। पुलिस प्रमुखों को इस पर ध्यान देना होगा।

देखें, कलाम बोले ‘सोशल मीडिया कमाल की चीज है’

वीकएंड मैगज़ीन: सोशल मीडिया साम्प्रदायिक हिंसा का नया आयाम

यह खबर आपको कैसी लगी

10 में से 0 वोट मिले

पाठकों की राय

22 मई 2013

Sep 12, 2012

पहले नेताओ पर सिकंजा कसना चाहिए इतना कर दे तो काफ़ी है

sushil kol

प्रमुख ख़बरें
आज के वीडियो
देखें, मौसम विभाग का अनुमान गर्मी से बेहाल होगा देश
देखें, मौसम विभाग का अनुमान गर्मी से बेहाल होगा देश
देखें, कैसे रेलवे घूसकांड छापे की खबर हुई लीक...
देखें, कैसे रेलवे घूसकांड छापे की खबर हुई लीक...
देखें, कैसे बनाएं एडवर्टाइजिंग इंडस्ट्री में आपका करियर
देखें, कैसे बनाएं एडवर्टाइजिंग इंडस्ट्री में आपका करियर


ख़बरें

सबसे ज्यादा पाठकों की राय

बाक़ी


Live TV | Stock Market India | IBNLive News | Cricket News | In.com | Latest Movie Songs |Latest Videos |Play Online Games | Rss Feed | हमारे बारे में  |   हमारा पता  |  हमें बताइए  |  विज्ञापन  |  अस्वीकरण  |  गोपनीयता  |  शर्तें  |  साइट जानकारी
© 2011, Web18 Software Services Ltd. All Rights Reserved.