22 मई 2012
कौन रोता है किसी और की खातिर..
साहिर लुधियानवी

कभी खुद पे कभी हालात पे रोना आया
बात निकली तो हर एक बात पे रोना आया

हम तो समझे थे कि हम भूल गए हैं उनको
क्या हुआ आज, यह किस बात पे रोना आया

किस लिए जीते हैं हम किसके लिए जीते हैं
कई बार ऐसे सवालात पे रोना आया

कौन रोता है किसी और की खातिर ए दोस्त!
सबको अपनी ही किसी बात पे रोना आया

(साभार: साहिर और कैफी की शायरी, डायमंड प्रकाशन, सर्वाधिकार सुरक्षित।)

यह खबर आपको कैसी लगी

10 में से 5 वोट मिले

पाठकों की राय

22 मई 2012

प्रमुख ख़बरें
आज के वीडियो
इटली में भूकम्प के झटके जारी, हजारों विस्थापित
इटली में भूकम्प के झटके जारी, हजारों विस्थापित
यूपीः कांस्टेबल ने लुटेरों को पकड़ा, तो थानेदार ने पीट दिया
यूपीः कांस्टेबल ने लुटेरों को पकड़ा, तो थानेदार ने पीट दिया
फिर पड़ेगी महंगाई की मार, अब फूटेगा ‘पेट्रोल बम’
फिर पड़ेगी महंगाई की मार, अब फूटेगा ‘पेट्रोल बम’

ख़बरें

© 2011, Web18 Software Services Ltd. All Rights Reserved.